
बनारस कलाकारों की नगरी है. विद्वानों की नगरी है. इसी काशी नगरी में साल 1920 के आस-पास की बात है. संस्कृत और संगीत के विद्वान पंडित सुखदेव प्रसाद के यहां तीसरी संतान के जन्म का वक्त था. घर में दो बेटियां पहले से थीं. एक बेटी का नाम उन्होंने बड़े प्यार से रखा था अलखनंदा और दूसरी…